टिल्लू पर चाकू से हमला करते रहे गैंगस्टर, तमाशबीन कर्मचारियों पर कार्रवाई
टिल्लू ताजपुरिया हत्या मामले में तिहाड़ जेल के डीजी ने बड़ा एक्शन लिया है. उन्होंने तीन असिस्टेंट सुप्रिंटेंडेंट, चार वार्डन को सस्पेंड कर दिया है. कुल सात अधाकारी-कर्मचारी सस्पेंड किए गए हैं. इसके अलावा तीन वार्डन पर डिपार्टमेंटल इन्क्वारी शुरू की गई है. डीजी ने तमिलनाडु स्पेशल पुलिस फोर्स के कमांडेंट से उसके नौ जवानों के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए कहा है.
तिहाड़ जेल नंबर 8- 9 में टिल्लू ताजपुरिया की हत्या का एक नया सीसीटीवी फुटेज शुक्रवार को सामने आया है. यह सीसीटीवी फुटेज तिहाड़ जेल प्रशासन और सुरक्षा कर्मियों पर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है.
पहले आए सीसीटीवी फुटेज में दिख रहा है कि कोई भी सुरक्षाकर्मी टिल्लू को बचाने के लिए नहीं आया. दूसरा सीसीटीवी फुटेज 6 बजकर 15 मिनट का है. इसमें टिल्लू की बॉडी को सुरक्षाकर्मी एक चादर में रखकर घसीटकर ला रहे हैं.
इसी बीच सुरक्षाकर्मियों के सामने हमलवार फिर आते हैं. वे फिर टिल्लू की बॉडी पर चाकुओं से ताबड़तोड़ वार करते हैं. तिहाड़ जेल के सुरक्षाकर्मी इस दौरान तमाशबीन बने रहते हैं. तिहाड़ जेल की सुरक्षा तमिलनाडु स्पेशल पुलिस फोर्स करती है. यह उसी के जवान हैं.
इससे पहले आए सीसीटीवी फुटेज में देखा जा सकता है कि टिल्लू ताजपुरिया लाल टीशर्ट और हाफ पैंट पहने हुआ था. 6 से 7 कैदी चादर के सहारे जेल के फर्स्ट फ्लोर से नीचे उतरते हैं और हाई रिस्क जोन में बंद कैदी टिल्लू की बैरक में घुस जाते हैं. किसी तरह जान बचाने के लिए टिल्लू ताजपुरिया बैरक से बाहर आता है. लेकिन गैंगवार में शामिल कैदी नुकीले हथियार से उस पर कम से कम 100 से ज्यादा वार करते हैं.
हमले के सीसीटीवी फुटेज में देखा जा सकता है कि कुल छह लोगों ने ताजपुरिया के सिर, पीठ, कंधे और गर्दन पर कई वार किए. हमले के दौरान ताजपुरिया ने खुद को बचाने की कोशिश की, लेकिन हमलावरों ने उसे दबोच लिया और सेल से बाहर खींच ले गए. पुलिस ने कहा था कि प्रतिद्वंद्वी गोगी गैंग के हमलावर जेल की दूसरी मंजिल से नीचे उतरकर टिल्लू ताजपुरिया के सेल में आए और हमले को अंजाम दिया.
टिल्लू ताजपुरिया को बाद में दिल्ली के दीनदयाल उपाध्याय अस्पताल ले जाया गया था. वहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया था.
